भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के अनुसार 3 जून 2026 को संपूर्ण भारत के मौसम में एक साथ कई रंग देखने को मिलेंगे। एक तरफ जहां उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) दस्तक दे रहा है वहीं दूसरी तरफ दक्षिण भारत के केरल और लक्षद्वीप के तटीय इलाकों में दक्षिण-पश्चिम मानसून (Southwest Monsoon) दस्तक देने के लिए पूरी तरह अनुकूल परिस्थितियों के साथ आगे बढ़ रहा है। इसके विपरीत, पूर्वी भारत के कुछ राज्य अभी भी भीषण गर्मी और उमस की चपेट में हैं।
उत्तर-पश्चिम भारत- पश्चिमी विक्षोभ का असर (आंधी और बारिश)
3 जून से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसके प्रभाव से मैदानी और पहाड़ी इलाकों में तेज हवाओं के साथ मौसम बदलने की उम्मीद है।
- दिल्ली-एनसीआर- दिल्ली और आसपास के शहरों में 3 जून को आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। दोपहर या शाम के समय 40 से 50 किमी/घंटे की रफ्तार से धूल भरी आंधी चलने और गरज-चमक के साथ हल्की बौछारें पड़ने की संभावना है। तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे अधिकतम तापमान 36°C से 37°C के आसपास रहने का अनुमान है।
- उत्तर प्रदेश- पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों जैसे सहारनपुर, मेरठ, आगरा, अलीगढ़ में थंडरस्कॉल (Thundersquall) यानी 50 से 60 किमी/घंटे की रफ्तार वाली तूफानी हवाओं के साथ बारिश का अलर्ट है। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश (लखनऊ, वाराणसी) में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहेगा लेकिन शाम को धूल भरी हवाएं चल सकती हैं।
- पंजाब और हरियाणा- इन राज्यों में भी 3 जून को गरज-चमक के साथ तेज हवाएं (गति 50-60 किमी/घंटा) चलने और छिटपुट बारिश होने की संभावना है, जिससे चिलचिलाती गर्मी से कुछ राहत मिलेगी।
- जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश- पहाड़ी इलाकों में ओलावृष्टि (Hailstorm) और बिजली गिरने की आशंका जताई गई है। जम्मू-कश्मीर में 50-60 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चल सकती हैं।
पूर्व और मध्य भारत- गर्मी का प्रकोप और आंधी
- बिहार- बिहार के अधिकांश हिस्सों में 3 जून से हीट वेव (Heat Wave) यानी लू की स्थिति गंभीर होने की संभावना है। पटना, गया और भागलपुर जैसे शहरों में अधिकतम तापमान 38°C से 40°C तक जा सकता है साथ ही अत्यधिक उमस के कारण बेचैनी बढ़ेगी।
- मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़- मध्य प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों में 3 जून को 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश हो सकती है। हालांकि तापमान में कोई खास बड़ी गिरावट नहीं होगी। छत्तीसगढ़ में मौसम गर्म और शुष्क बना रहेगा।
दक्षिण भारत- मानसून की दस्तक और भारी वर्षा
- केरल और लक्षद्वीप- आईएमडी के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून केरल के तट पर दस्तक देने के लिए पूरी तरह तैयार है। 3 जून को केरल और माहे में ‘भारी से बहुत भारी बारिश’ (Very Heavy Rainfall) होने की संभावना है। तटीय इलाकों में 40-50 किमी/घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी।
- तमिलनाडु, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश- तटीय कर्नाटक और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का अनुमान है। तटीय आंध्र प्रदेश और रायलासीमा में भी गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने और तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की गई है।
पश्चिम और पूर्वोत्तर भारत- उमस और छिटपुट बौछारें
- महाराष्ट्र और गुजरात- मुंबई सहित कोंकण और गोवा के इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने का अनुमान है। गुजरात के तापमान में 3 जून से 2-4°C की क्रमिक गिरावट (Gradual Fall) होने की संभावना है जिससे झुलसाने वाली गर्मी से राहत मिलेगी।
- पूर्वोत्तर भारत (असम, मेघालय, मणिपुर)- अरुणाचल प्रदेश, असम और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में मौसम काफी गर्म और उमस भरा (Hot & Humid) रहेगा। हालांकि मणिपुर और आसपास के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है।
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आईएमडी (IMD) द्वारा जारी मौसम संबंधी मुख्य सुझाव
खराब मौसम और भारी बारिश/आंधी को देखते हुए मौसम विभाग ने नागरिकों के लिए कुछ महत्वपूर्ण गाइडलाइंस जारी की हैं
- आंधी और थंडरस्टॉर्म के दौरान- उत्तर भारत और मध्य भारत के जिन क्षेत्रों में 50 से 70 किमी/घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अलर्ट है वहां लोग आंधी के समय पक्के मकानों में शरण लें। पेड़ों, जर्जर दीवारों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचें।
- लू (Heat Wave) से बचाव के उपाय- बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश के नागरिक दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें। बाहर निकलते समय सूती कपड़े पहनें, सिर को ढककर रखें और शरीर में पानी की कमी न होने दें।
- किसानों के लिए सलाह- उत्तर-पश्चिम भारत के किसान, जहां आंधी और ओलावृष्टि की संभावना है कटी हुई फसलों को सुरक्षित स्थानों पर रखें। दक्षिण भारत के किसान मानसून के आगमन को देखते हुए अपनी कृषि गतिविधियों की योजना बनाएं।
- मछुआरों के लिए चेतावनी- केरल, कर्नाटक, लक्षद्वीप और दक्षिण-पूर्व अरब सागर के तटीय इलाकों में समुद्र में ऊंची लहरें और तेज हवाएं चलने के कारण मछुआरों को 3 जून को समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है।
नोट- यह मौसम पूर्वानुमान भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आधिकारिक बुलेटिन पर आधारित एक संक्षिप्त समीक्षा है। स्थानीय स्तर पर मौसम में तात्कालिक बदलाव संभव हैं इसलिए पल-पल के सटीक अपडेट के लिए अपने क्षेत्रीय मौसम केंद्र की रिपोर्ट या आईएमडी की आधिकारिक वेबसाइट अवश्य देखें।







