भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 6 अप्रैल 2026 को देश के विभिन्न हिस्सों में मौसम के अलग-अलग रूप देखने को मिलेंगे। उत्तर भारत में जहाँ पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) का असर कम हो रहा है वहीं पूर्वी और मध्य भारत में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी हुई है। दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में गर्मी का प्रकोप जारी रहेगा।
उत्तर भारत (North India) – राहत और हल्की हलचल
- मैदानी इलाके (पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान) – दिल्ली-एनसीआर और उत्तर-पश्चिमी राज्यों में 6 अप्रैल को मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहेगा। हालांकि पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की गरज के साथ छींटे पड़ सकते हैं। तापमान में 2-3°C की वृद्धि दर्ज की जा सकती है जिससे दिन में गर्मी महसूस होगी।
- पहाड़ी क्षेत्र (हिमाचल, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर) – हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में पिछले कुछ दिनों से जारी भारी बारिश का दौर अब धीमा पड़ेगा। 6 अप्रैल को छिटपुट स्थानों पर हल्की बारिश या ऊंचे पहाड़ों पर हल्की बर्फबारी की संभावना है। सैलानियों के लिए यह समय सावधानी बरतने का है।
Latest published : Weather Forecast- 4 अप्रैल 2026
मध्य और पूर्वी भारत (Central & East India) – गरज-चमक और आंधी
- बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल – इन राज्यों के लिए IMD ने ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है। 6 अप्रैल को बिहार और झारखंड में 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं (Thundersquall) चलने और बिजली गिरने की संभावना है। गंगीय पश्चिम बंगाल में भी गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश हो सकती है।
- मध्य प्रदेश, विदर्भ और छत्तीसगढ़ – यहाँ छिटपुट स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। विशेष रूप से पूर्वी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के इलाकों में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी।
दक्षिण भारत (South India) – उमस और गर्मी
- केरल और कर्नाटक – केरल और आंतरिक कर्नाटक में हल्की बारिश की संभावना है जिससे तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है।
- तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश – रायलसीमा और तटीय आंध्र प्रदेश में उमस भरी गर्मी (Hot & Humid) का प्रकोप रहेगा। यहाँ तापमान सामान्य से 3-4°C ऊपर रह सकता है।
पूर्वोत्तर भारत (Northeast India) – वर्षा का दौर
- असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में मानसूनी पूर्व की बारिश (Pre-monsoon rains) सक्रिय रहेगी। यहाँ बिजली कड़कने के साथ मध्यम वर्षा होने का अनुमान है।
किसानों के लिए विशेष कृषि सुझाव (Agromet Advisory)
6 अप्रैल के मौसम को देखते हुए किसानों को निम्नलिखित सावधानियां बरतनी चाहिए
- फसल की कटाई – उत्तर भारत के किसान जहाँ मौसम शुष्क रहने वाला है वे गेहूँ और सरसों की कटाई का काम तेजी से निपटा लें। कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थानों या तिरपाल से ढक कर रखें।
- सिंचाई प्रबंधन – मध्य और पूर्वी भारत में जहाँ बारिश की संभावना है, वहां सिंचाई रोक दें। अधिक पानी के जमाव से फसलों की जड़ों को नुकसान हो सकता है।
- ओलावृष्टि से बचाव – झारखंड और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि (Hailstorm) की चेतावनी है। यदि संभव हो, तो कीमती फसलों या नर्सरी को नेट (Anti-hail net) से कवर करें।
- कीटनाशक का प्रयोग – बारिश और तेज हवाओं के दौरान किसी भी प्रकार के कीटनाशक या उर्वरक का छिड़काव न करें क्योंकि यह धुल जाएगा और निष्प्रभावी हो जाएगा।
- पशुधन सुरक्षा – गरज-चमक के समय पशुओं को पेड़ों के नीचे न बांधें। उन्हें पक्के और सुरक्षित शेड में रखें।
आम जनता के लिए स्वास्थ्य संबंधी सलाह
अप्रैल की बदलती गर्मी और अचानक होने वाली बारिश स्वास्थ्य पर बुरा असर डाल सकती है
- हाइड्रेशन (पानी की कमी) – दक्षिण और पश्चिम भारत के लोग दिन भर पर्याप्त पानी पिएं। ओआरएस (ORS), नींबू पानी, लस्सी या बेल के शरबत का सेवन करें ताकि शरीर में इलेक्ट्रोलाइट्स का संतुलन बना रहे।
- लू से बचाव – दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच सीधे धूप में निकलने से बचें। यदि बाहर जाना जरूरी हो, तो सिर को कपड़े, टोपी या छतरी से ढकें।
- सावधानी – अचानक बिजली कड़कने पर इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को अनप्लग कर दें और कंक्रीट की दीवारों का सहारा न लें।
यात्रियों के लिए विशेष यात्रा गाइड
यदि आप 6 अप्रैल 2026 को यात्रा की योजना बना रहे हैं तो इन बातों का ध्यान रखें
- पहाड़ी रास्ते – हिमाचल और उत्तराखंड की यात्रा कर रहे लोग भूस्खलन (Landslides) संभावित क्षेत्रों में सावधानी बरतें। यात्रा से पहले स्थानीय प्रशासन के अपडेट जरूर देख लें।
- उड़ान और ट्रेन – पूर्वी भारत (बिहार, बंगाल) में तेज हवाओं और आंधी के कारण उड़ानों में देरी हो सकती है। घर से निकलने से पहले अपनी फ्लाइट या ट्रेन का स्टेटस चेक करें।
- सड़क यात्रा – राजस्थान और मध्य भारत में धूल भरी आंधी विजिबिलिटी (दृश्यता) कम कर सकती है। वाहन चलाते समय हेडलाइट्स का उपयोग करें और सुरक्षित गति बनाए रखें।
- बैगेज – अपने साथ हल्का छाता और रेनकोट जरूर रखें, क्योंकि अप्रैल की यह बारिश कभी भी कहीं भी हो सकती है।
6 अप्रैल 2026 को भारत का मौसम मिला-जुला रहेगा। जहाँ एक तरफ गर्मी अपने तेवर दिखा रही है वहीं दूसरी तरफ प्री-मानसून गतिविधियां राहत और चुनौती दोनों पेश कर रही हैं। सतर्क रहें और स्थानीय मौसम अपडेट्स के लिए IMD की आधिकारिक वेबसाइट या ‘मौसम’ ऐप का उपयोग करें।







