संतोष ट्रॉफी राष्ट्रीय फुटबॉल चैंपियनशिप के सेमीफाइनल मुकाबले में चार बार की चैंपियन केरल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पंजाब को 4-0 से करारी शिकस्त दी और खिताबी मुकाबले में अपनी जगह पक्की कर ली। तेज़ आक्रमण, बेहतरीन तालमेल और मजबूत रक्षा पंक्ति के दम पर केरल ने पूरे मैच में पंजाब को कोई मौका नहीं दिया। केरल की इस दमदार जीत में जेसिन टी. के., रोशन सिंह, नजीब रहमान और रिजिन सी. पी. ने गोल कर अहम भूमिका निभाई।
शुरुआती मिनटों से ही केरल का दबदबा
मैच की शुरुआत से ही केरल ने आक्रामक खेल दिखाते हुए पंजाब पर दबाव बना दिया। मिडफील्ड में केरल के खिलाड़ियों ने गेंद पर जबरदस्त नियंत्रण रखा और छोटे-छोटे पासों के जरिए पंजाब की रक्षापंक्ति को लगातार छिन्न-भिन्न किया।
इसका असर 12वें मिनट में देखने को मिला जब जेसिन टी. के. ने शानदार मूव पर पहला गोल दागा। मिडफील्ड से मिले सटीक थ्रू पास पर जेसिन ने तेज़ी से आगे बढ़ते हुए गोलकीपर को चकमा दिया और गेंद को नेट में पहुंचा दिया।
पहला गोल होते ही केरल का आत्मविश्वास और बढ़ गया जबकि पंजाब की टीम दबाव में आ गई।
केरल के आक्रमण के आगे पंजाब बेबस
पहले हाफ के मध्य तक केरल ने अपनी बढ़त दोगुनी कर ली। 28वें मिनट में दाएं फ्लैंक से आए सटीक क्रॉस पर रोशन सिंह ने ऊंची छलांग लगाते हुए शानदार हेडर जमाया जो सीधे गोल पोस्ट के अंदर जा समाया। यह गोल पंजाब के लिए बड़ा झटका साबित हुआ।
इसके बाद पंजाब ने कुछ देर संभलने की कोशिश की और काउंटर अटैक के जरिए वापसी करने का प्रयास किया, लेकिन केरल की मजबूत डिफेंस लाइन हर बार उनके प्रयासों को विफल करती रही।
पहले हाफ के अंतिम क्षणों में पंजाब को एक सुनहरा मौका जरूर मिला, लेकिन केरल के गोलकीपर ने बेहतरीन डाइव लगाकर गेंद को बाहर निकाल दिया। इसके साथ ही पहला हाफ 2-0 की बढ़त के साथ केरल के नाम रहा।
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दूसरे हाफ में भी जारी रहा केरल का दबदबा
दूसरे हाफ की शुरुआत में पंजाब ने आक्रामक रणनीति अपनाई और अधिक खिलाड़ियों को आगे भेजा, लेकिन यह फैसला उनके लिए भारी पड़ गया।
55वें मिनट में केरल ने तेज़ काउंटर अटैक पर तीसरा गोल कर मुकाबले को लगभग एकतरफा बना दिया। नजीब रहमान ने अपनी तेज़ रफ्तार का शानदार प्रदर्शन करते हुए दो डिफेंडरों को पीछे छोड़ा और गोलकीपर के दाईं ओर सटीक शॉट लगाकर स्कोर 3-0 कर दिया।
तीसरे गोल के बाद पंजाब की टीम पूरी तरह बिखरती नजर आई। उनकी पासिंग में लगातार गलतियां होने लगीं, जिसका फायदा उठाते हुए केरल ने हमले तेज़ कर दिए।
रिजिन ने लगाई जीत पर मुहर
मैच का चौथा और अंतिम गोल 70वें मिनट में रिजिन सी. पी. ने किया। यह गोल केरल की बेहतरीन टीमवर्क का नतीजा था। मिडफील्ड से शुरू हुए शानदार पासिंग मूव के बाद रिजिन को बॉक्स के भीतर गेंद मिली और उन्होंने बिना किसी गलती के गेंद को नेट में पहुंचाकर पंजाब की सभी उम्मीदों को खत्म कर दिया।
इसके बाद बचे हुए समय में केरल ने खेल को पूरी तरह नियंत्रण में रखा और पंजाब को कोई बड़ा मौका नहीं दिया।
- पंजाब की तमाम कोशिशें रहीं नाकाम-मैच के अंतिम बीस मिनटों में पंजाब ने सम्मानजनक गोल के लिए कई प्रयास किए। उनके विंगर खिलाड़ियों ने तेजी से हमले किए, लेकिन केरल की रक्षापंक्ति पूरी तरह मुस्तैद रही।
- केरल के गोलकीपर ने तीन अहम बचाव कर टीम को क्लीन शीट दिलाई। उनके शानदार प्रदर्शन ने पंजाब के हौसले पूरी तरह तोड़ दिए।
- अब फाइनल में सर्विसेज से मुकाबला-इस शानदार जीत के साथ केरल ने फाइनल में प्रवेश कर लिया है, जहां उसका सामना मजबूत सर्विसेज टीम से होगा। सर्विसेज ने अपने सेमीफाइनल मुकाबले में अनुशासित खेल का प्रदर्शन करते हुए विपक्षी टीम को हराया था।
- फाइनल मुकाबले को लेकर फुटबॉल प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह है। एक ओर केरल की तेज़ और आक्रामक टीम होगी, तो दूसरी ओर सर्विसेज की मजबूत रणनीति और अनुशासन।
- संतोष ट्रॉफी में केरल का गौरवशाली सफर-केरल का संतोष ट्रॉफी में इतिहास बेहद शानदार रहा है। राज्य ने अब तक चार बार इस प्रतिष्ठित ट्रॉफी पर कब्जा जमाया है और कई बार फाइनल तक का सफर तय किया है। इस बार भी केरल की टीम शुरू से ही मजबूत दावेदार के रूप में उभरी है।
ग्रुप चरण से लेकर सेमीफाइनल तक केरल ने हर मुकाबले में शानदार प्रदर्शन किया है और सबसे ज्यादा गोल करने वाली टीमों में शामिल रही है।
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