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भारत फ्रांस से 114 नए राफेल विमान खरीदने की तैयारी में – इनमें से 90 विमान भारत में होंगे निर्मित

भारत फ्रांस से 114 नए राफेल विमान खरीदने की तैयारी में - इनमें से 90 विमान भारत में होंगे निर्मित
नवजोत कौर सिद्धू
On: जून 3, 2026 3:05 अपराह्न
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भारत के रक्षा इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय लिखने जा रहा है। भारत सरकार ने फ्रांस से 114 नए राफेल विमानों को खरीदने की स्वीकृति दे दी है। इनमें से 90 राफेल विमान मेक इन इंडिया के तहत भारत में ही बनाए जाएंगे। फ्रांस की कंपनी भारत में आकर राफेल विमान का निर्माण करेगी लेकिन राफेल में लगने वाले 50% मटेरियल भारत की ही किसी कंपनी के होंगे। भारतीय वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह इन दिनों फ्रांस दौरे पर है और वह लगातार फ्रांस से राफेल विमान की खरीद पर बात कर रहे है। आने वाले 1 वर्ष के अंदर राफेल विमान की खरीद पर अंतिम फैसला होने की उम्मीद है।

भारत सरकार ने फ्रांस को राफेल विमान की खरीद का अनुरोध पत्र भेजा है। भारत सरकार के 114 राफेल विमान की खरीद का खर्च ₹ 3.25 लाख करोड़ बताया जा रहा है। यह अब तक की सबसे बड़ी डील साबित होने जा रही है। इसके पहले भारत ने 2016 में फ्रांस से राफेल विमान खरीदा था। अब देश की सेना के जरूरत के हिसाब से भारत सरकार 114 नए राफेल विमान खरीदने जा रही है। 

राफेल विमान की खासियत 

  1. मल्टीरोल क्षमता –  राफेल विमान की प्रमुख खासियत है कि यह हवाई युद्ध, जमीनी हमला और समुद्री हमले हर किसी अभियानों में काम आता है। इसके लिए अलग अलग लड़ाकू विमानों की जरूरत नहीं पड़ती बल्कि एक ही विमान से सारे अभियानों को किया जा सकता था। 
  1. AESA रडार – राफेल विमान की एक और खासियत है इसका रडार। यह विमान आसानी से किसी के रडार में नहीं फंसता और दूर किसी लक्ष्य को भी आसानी से भेद सकता है। खराब मौसम में भी आसानी से राफेल विमान उड़ान भर सकता है। 
  1. इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम –  राफेल विमान के अंदर ऐसे अत्याधुनिक इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम लगाए है जिसकी सहायता से मिसाइल का पता आसानी से लगाया जा सकता है और इससे बचा भी जा सकता है। 
  1. High speed – राफेल विमान की खास बात है इसकी तीव्र गति। इसकी अधिकतम गति कंपनी के अनुसार 2200 किमी/ घंटा बताई जा रही है। यह अपनी रफ्तार से किसी भी लड़ाकू विमान को मात दे सकता है। 
  1. भार क्षमता –  राफेल विमान केवल लड़ाकू विमान के लिए ही नहीं जाना जाता बल्कि यह तरह तरह के हथियारों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक ले जाने में भी सक्षम है। यह लगभग 9.5 तन तक का हथियार ले जा सकता है। 
  1. युद्ध में काल – राफेल विमान की रफ्तार जितनी तेज है उससे भी ज्यादा तेज इसकी मिसाइल है। कई देशों के युद्ध में राफेल विमानों का उपयोग किया जा चुका है। अफगानिस्तान, लीबिया, इराक और सीरिया जैसे देशों में इसके सार्थक परिणाम मिले है। 

₹ 3.25 लाख करोड़ की है Deal 

फ्रांस हमेशा से ही भारत का रक्षा उपकरणों को खरीदने का मुख्य जरिया रहा है। फ्रांस के राष्ट्रपति पुतिन और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दोस्ती पूरी दुनिया देख चुकी है। फ्रांस पहले ही भारत को 36 राफेल विमान दे चुका है। इन राफेल विमानों का उपयोग ऑपरेशन सिंदूर और अन्य आतंकवादी अभियानों में किया जा चुका है। अब भारत एक बार फिर फ्रांस से राफेल विमान खरीदने जा रहा है। इस बार राफेल विमानों की संख्या 114 रहने वाली है। इसके अंतर्गत ₹ 3.25 लाख करोड़ भारत फ्रांस को डील के हिसाब से देगा। इस डील की खास बात यह है कि फ्रांस अपनी कंपनी को भारत में भेजकर राफेल विमान का निर्माण भारत में ही करेगा। राफेल विमान में use होने वाले 50% parts Make in India के तहत भारत के ही होंगे। इससे कई लोगों को रोजगार भी मिलेगा और भारत आत्मनिर्भर भारत बनने की दिशा में एक कदम आगे भी बढ़ाएगा। 

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पाकिस्तान में खलबली 

भारत के फ्रांस से 114 राफेल विमान खरीदने से सबसे ज्यादा जिस देश को मिर्च लगी है वह देश है पाकिस्तान। पाकिस्तान एक ऐसा देश है जो दुनिया के सामने शांति प्रिय देश बनने का नाटक करता है तो वही दूसरी ओर वह भारत में आतंकवादी घटना को अंजाम भी देता है। यह पूरी दुनिया को मालूम है कि पाकिस्तान अब एक आतंकिस्तान देश बन चुका है। जब भारत ने पाकिस्तान में सर्जिकल स्ट्राइक की थी तब उन लड़ाकू विमानों में राफेल भी शामिल था। इसी बात का डर अब पाकिस्तान को है। 

पाकिस्तान को मालूम है कि अगर भारत को 114 राफेल विमान मिल गए तब आने वाले समय में उसके आतंकवादियों का किस्सा ही खत्म हो जाएगा। पाकिस्तान हमेशा से ही अमेरिका से भीख मांगते आया है। चीन और अमेरिका से खरीदे गए सस्ते लड़ाकू विमानों से वह किसी तरह गुजर बसर कर रहा है। उसके लड़ाकू विमान भारत के लड़ाकू विमान के सामने बिल्कुल नहीं टिकते है। शायद यही वजह है कि पाकिस्तान भी राफेल विमानों को खरीदने का सपना देख रहा है लेकिन कंगाली की राह में आने के बाद ऐसा होना मुश्किल लगता है। 

Dr Pankaj Sharma

fitness coach and writer mainly work on sports, fitness, Religious, foreign news, and technology

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