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एयरफोर्स वन प्लेन मे तकनीकी खराबी के चलते ट्रम्प को  लौटना पड़ा

एयरफोर्स वन प्लेन मे तकनीकी खराबी के चलते ट्रम्प को  लौटना पड़ा
नवजोत कौर सिद्धू
On: जनवरी 21, 2026 6:58 अपराह्न
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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विमान, एयर फोर्स वन (Air Force One), को लेकर हाल ही में आई तकनीकी खराबी की खबर ने पूरी दुनिया का ध्यान खींचा है। यह घटना जनवरी 2026  की है।

राष्ट्रपति ट्रंप कहाँ जा रहे थे?

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप स्विट्जरलैंड के दावोस (Davos) जा रहे थे। वहां वह विश्व आर्थिक मंच (World Economic Forum – WEF) के 56वें वार्षिक शिखर सम्मेलन में भाग लेने वाले थे। इस यात्रा का उद्देश्य वैश्विक नेताओं और दुनिया के शीर्ष कॉर्पोरेट दिग्गजों (CEO) के साथ बैठक करना और अमेरिकी अर्थव्यवस्था व वैश्विक मुद्दों पर चर्चा करना था।

 विमान में क्या तकनीकी खराबी हुई?

आधिकारिक जानकारी और विमान में मौजूद पत्रकारों के अनुसार, खराबी का विवरण इस प्रकार है:

  • इलेक्ट्रिकल समस्या (Electrical Issue) –  व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने पुष्टि की कि टेकऑफ के कुछ समय बाद विमान के चालक दल (Crew) ने एक “मामूली इलेक्ट्रिकल खराबी” (minor electrical issue) का पता लगाया।
  • अंधेरा छा जाना –  विमान में सवार पत्रकारों ने बताया कि उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद प्रेस केबिन की लाइटें अचानक बंद हो गईं। हालांकि यह स्थिति संक्षिप्त थी, लेकिन सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत इसे गंभीरता से लिया गया।
  • एहतियाती कदम – अटलांटिक महासागर के ऊपर लगभग एक घंटे की उड़ान भरने के बाद, चालक दल ने “अत्यधिक सावधानी” (abundance of caution) बरतते हुए विमान को वापस मोड़ने का फैसला किया।

 आधिकारिक पुष्टि और घटनाक्रम 

  • कब –  मंगलवार रात (अमेरिकी समयानुसार), 20 जनवरी 2026।
  • कहाँ – विमान ने मैरीलैंड स्थित जॉइंट बेस एंड्रयूज (Joint Base Andrews) से उड़ान भरी थी और खराबी के बाद वापस यहीं लैंड हुआ।
  • कैसे –  फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा (ADS-B Exchange) के अनुसार, विमान लॉन्ग आइलैंड, न्यूयॉर्क के पास समुद्र के ऊपर से मुड़ा और रात लगभग 11 बजे सुरक्षित लैंड हुआ।

घटना के बाद क्या हुआ?

विमान के सुरक्षित लैंड होने के बाद राष्ट्रपति और उनके स्टाफ को दूसरे विमान (बैकअप एयर फोर्स वन) में स्थानांतरित किया गया।

  • विमान परिवर्तन –  चालक दल ने तुरंत सारा सामान, फल, सैंडविच और महत्वपूर्ण दस्तावेज दूसरे विमान में शिफ्ट किए।
  • दोबारा प्रस्थान –  लगभग ढाई घंटे की देरी के बाद, राष्ट्रपति ट्रंप आधी रात के बाद एक नए विमान से दोबारा दावोस के लिए रवाना हो गए।
  • देरी – इस तकनीकी बाधा के कारण वह अपने निर्धारित समय से लगभग 3-4 घंटे की देरी से स्विट्जरलैंड पहुँचेंगे।

एयर फोर्स वन की वर्तमान स्थिति (महत्वपूर्ण तथ्य)

इस घटना ने अमेरिकी राष्ट्रपति के बेड़े में मौजूद पुराने विमानों की सुरक्षा पर फिर से बहस छेड़ दी है

  • पुराना बेड़ा – वर्तमान में इस्तेमाल हो रहे बोइंग 747 विमान लगभग 40 साल पुराने हैं।
  • नए विमानों में देरी –  बोइंग द्वारा नए रिप्लेसमेंट विमानों की डिलीवरी में लगातार देरी हो रही है (अब 2028 तक उम्मीद है)।
  • कतरी विमान का जिक्र –  पिछले साल कतर के शाही परिवार ने ट्रंप को एक लग्जरी बोइंग 747-8 उपहार में दिया था, जिसे वर्तमान में सुरक्षा मानकों के अनुसार अपग्रेड किया जा रहा है। प्रेस सचिव ने मजाक में यह भी कहा कि अब वह कतरी जेट ज्यादा बेहतर लग रहा है।

व्हाइट हाउस ने स्पष्ट किया है कि राष्ट्रपति की सुरक्षा को कभी कोई खतरा नहीं था। यह एक मानक सुरक्षा प्रक्रिया थी। ट्रंप अब दावोस में हैं, जहाँ वह टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन और माइक्रोसॉफ्ट के सत्य नडेला जैसे व्यापारिक दिग्गजों से मिलने वाले हैं।

Dr Pankaj Sharma

fitness coach and writer mainly work on sports, fitness, Religious, foreign news, and technology

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