9 अप्रैल 2026, गुरुवार को भारत का मौसम एक दिलचस्प विरोधाभास पेश कर रहा है। एक तरफ जहां उत्तर और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के कारण आंधी-बारिश का माहौल है, वहीं दक्षिण और तटीय इलाकों में गर्मी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं।
उत्तर भारत – आंधी और ओलावृष्टि की चेतावनी
उत्तर भारत के राज्यों में इस समय एक शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है। इसके प्रभाव से पहाड़ों से लेकर मैदानों तक मौसम का मिजाज बदला हुआ है।
- जम्मू-कश्मीर, हिमाचल और उत्तराखंड – इन राज्यों के ऊपरी इलाकों में हल्की से मध्यम बर्फबारी और निचले इलाकों में गरज के साथ बारिश होने की संभावना है। उत्तराखंड के कुछ जिलों में ओलावृष्टि (Hailstorm) का ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया है।
- दिल्ली-NCR, पंजाब और हरियाणा – राजधानी दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में 9 अप्रैल को आसमान में बादल छाए रहेंगे। दोपहर के बाद या शाम को 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से धूल भरी आंधी चलने और हल्की बूंदाबांदी की संभावना है। इससे तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे भीषण गर्मी से कुछ राहत मिलेगी।
- राजस्थान – पश्चिमी राजस्थान में लू (Heatwave) का असर कम रहेगा, लेकिन पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में धूल भरी आंधी और गरज के साथ छींटें पड़ सकते हैं।
मध्य भारत – बेमौसम बारिश का साया
मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ के इलाकों में हवाओं के मेल (Confluence of winds) के कारण मौसम अस्थिर बना हुआ है।
- मध्य प्रदेश – ग्वालियर, चंबल और रीवा संभागों में हल्की बारिश और तेज हवाएं चलने की उम्मीद है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे कटी हुई फसल (विशेषकर गेहूं) को सुरक्षित स्थानों पर रखें, क्योंकि अचानक होने वाली बारिश और ओलावृष्टि फसलों को नुकसान पहुंचा सकती है।
- छत्तीसगढ़ – राज्य के उत्तरी हिस्सों में बादलों की आवाजाही रहेगी, जबकि दक्षिणी हिस्सों में मौसम शुष्क बना रह सकता है।
पूर्व और पूर्वोत्तर भारत – भारी वर्षा और नमी
बंगाल की खाड़ी से आने वाली नम हवाओं के कारण पूर्वोत्तर भारत में मानसून पूर्व (Pre-monsoon) गतिविधियां चरम पर हैं।
- असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश – यहाँ 9 अप्रैल को मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। बिजली गिरने और तेज हवाओं के साथ बारिश होने की 80% संभावना है।
- पश्चिम बंगाल और बिहार – बिहार के उत्तरी जिलों और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल में गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। हालांकि, दक्षिण बंगाल और झारखंड में उमस भरी गर्मी परेशान कर सकती है।
दक्षिण भारत – भीषण गर्मी और हीटवेव का अलर्ट
उत्तर और मध्य भारत जहां बारिश की उम्मीद कर रहे हैं, वहीं दक्षिण भारत के राज्य भीषण गर्मी की चपेट में हैं।
- ओडिशा, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु – इन राज्यों के तटीय इलाकों में तापमान 40°C से 44°C के बीच रहने का अनुमान है। IMD ने ओडिशा और आंध्र प्रदेश के कुछ हिस्सों में हीटवेव (Heatwave) की चेतावनी जारी की है।
- केरल और कर्नाटक – आंतरिक कर्नाटक में गर्मी अधिक रहेगी, जबकि केरल के तटीय इलाकों में शाम को हल्की बारिश हो सकती है जिससे उमस बढ़ेगी।
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मौसम का मुख्य सारांश (Table – संक्षेप में जानकारी)
| क्षेत्र | अपेक्षित मौसम | अलर्ट स्तर |
| उत्तर भारत | आंधी, हल्की बारिश, ओलावृष्टि | पीला/नारंगी अलर्ट |
| मध्य भारत | आंशिक बादल, धूल भरी आंधी | सामान्य |
| दक्षिण भारत | भीषण गर्मी, हीटवेव | लू की चेतावनी |
| पूर्वोत्तर भारत | मध्यम से भारी बारिश | भारी वर्षा अलर्ट |
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किसानों और आम जनता के लिए विशेष सलाह
- कृषि – रबी फसलों (गेहूं, सरसों) की कटाई कर चुके किसान अनाज को खुले में न छोड़ें। ओलावृष्टि की संभावना वाले क्षेत्रों में फसलों का बीमा और सुरक्षा सुनिश्चित करें।
- स्वास्थ्य – दक्षिण और तटीय भारत के लोग दोपहर 12 से 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें। हीटवेव से बचने के लिए पर्याप्त पानी पीते रहें।
- यात्रा – पहाड़ी क्षेत्रों (हिमाचल/उत्तराखंड) की यात्रा कर रहे लोग भूस्खलन (Landslides) के प्रति सतर्क रहें क्योंकि बारिश के कारण सड़कें फिसलन भरी हो सकती हैं।
नोट – मौसम की स्थिति स्थानीय कारकों के आधार पर तेजी से बदल सकती है। नवीनतम अपडेट के लिए स्थानीय मौसम केंद्र या ‘मौसम’ ऐप (IMD) पर नज़र रखें।







