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ईरान में नए सुप्रीम लीडर के नाम पर सहमति आधिकारिक घोषणा बाकी IDF बोला खामेनेई के हर उत्तराधिकारी को बनाएंगे निशाना 

ईरान में नए सुप्रीम लीडर के नाम पर सहमति आधिकारिक घोषणा बाकी IDF बोला खामेनेई के हर
नवजोत कौर सिद्धू
On: मार्च 8, 2026 8:42 अपराह्न
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ईरान में सत्ता के सर्वोच्च शिखर पर बदलाव की खबरें इस समय वैश्विक राजनीति का केंद्र बनी हुई हैं। 8 मार्च 2026 तक की ताजा रिपोर्टों के अनुसार, ईरान की ‘असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स’ (विशेषज्ञों की परिषद) ने नए सुप्रीम लीडर के नाम पर आम सहमति बना ली है हालांकि इसकी आधिकारिक घोषणा युद्ध की स्थिति और सुरक्षा कारणों से फिलहाल रुकी हुई है।

इस बीच इजरायली रक्षा बल (IDF) ने एक अत्यंत सख्त और अभूतपूर्व चेतावनी जारी की है जिसने इस उत्तराधिकार की प्रक्रिया को और अधिक तनावपूर्ण बना दिया है।

ईरान में नए सुप्रीम लीडर का चुनाव – मुख्य बिंदु

हाल ही में हुए हमलों में अयातुल्ला अली खामेनेई की मृत्यु के बाद ईरान एक बड़े नेतृत्व संकट से गुजर रहा है। आधिकारिक सूत्रों और अंतरराष्ट्रीय मीडिया के अनुसार  निम्नलिखित घटनाक्रम सामने आए हैं

उत्तराधिकारी के नाम पर सहमति

ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी मेहर (MNA) के अनुसार असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स के सदस्य अयातुल्ला मोहम्मद मेहदी मीरबागेरी ने पुष्टि की है कि नए उत्तराधिकारी के नाम पर “बहुमत से सहमति” बन चुकी है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि प्रक्रिया को अंतिम रूप देने में कुछ “तकनीकी बाधाएं” और सुरक्षा संबंधी चिंताएं आड़े आ रही हैं।

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मुजतबा खामेनेई –  सबसे प्रबल दावेदार

सबसे अधिक चर्चा अली खामेनेई के दूसरे बेटे, मुजतबा खामेनेई (56 वर्ष) की है। रिपोर्टों के अनुसार

  • IRGC का समर्थन –  ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) मुजतबा के नाम पर जोर दे रही है ताकि सत्ता में निरंतरता बनी रहे।
  • वंशानुगत शासन का विरोध – ईरान के भीतर ही एक धड़ा मुजतबा की नियुक्ति का विरोध कर रहा है, क्योंकि उनका मानना है कि यह इस्लामी गणतंत्र को एक ‘राजशाही’ (Monarchy) की तरह दिखाएगा जिसके खिलाफ 1979 की क्रांति हुई थी।
  • धार्मिक योग्यता –  मुजतबा को ‘हुज्जत अल-इस्लाम’ का दर्जा प्राप्त है लेकिन आलोचकों का तर्क है कि उनके पास वह उच्च धार्मिक विद्वता (Marja) नहीं है जो एक सुप्रीम लीडर के लिए आवश्यक होती है।

अन्य संभावित नाम

​मुजतबा के अलावा अली लारीजानी (पूर्व संसद अध्यक्ष) और अयातुल्ला अलीरेजा अराफी के नामों पर भी विचार किया जा रहा है। वर्तमान में, एक ‘अंतरिम नेतृत्व परिषद’ (Interim Leadership Council) देश का कामकाज देख रही है, जिसमें राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन और न्यायपालिका प्रमुख शामिल हैं।

​IDF की चेतावनी –  “हर उत्तराधिकारी हमारा निशाना होगा”

​इजरायल ने ईरान के इस नेतृत्व परिवर्तन पर बहुत ही आक्रामक रुख अपनाया है। IDF ने फारसी भाषा में सोशल मीडिया पर एक आधिकारिक बयान जारी कर स्पष्ट किया है

​”इजरायल का हाथ हर उस उत्तराधिकारी और हर उस व्यक्ति तक पहुंचेगा जो नया नेता नियुक्त करने की कोशिश करेगा। हम उन सभी को चेतावनी देते हैं जो इस चयन प्रक्रिया में भाग ले रहे हैं हम आपको निशाना बनाने में संकोच नहीं करेंगे।”

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​इस चेतावनी के निहितार्थ

  • Elimination Policy – इज़रायल ने साफ कर दिया है कि वह ईरान के नए सुप्रीम लीडर को एक ‘वैध सैन्य लक्ष्य’ (Legitimate Target) मानेगा।
  • नेतृत्व शून्यता (Leadership Vacuum) –  इजरायल की रणनीति ईरान के शीर्ष नेतृत्व को अस्थिर करने की है ताकि निर्णय लेने वाली सर्वोच्च संस्था पूरी तरह पंगु हो जाए।
  • मनोवैज्ञानिक युद्ध –  यह चेतावनी उन मौलवियों और अधिकारियों के लिए एक सीधा खतरा है जो असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स की बैठक में शामिल होने वाले हैं।

​वर्तमान स्थिति और भविष्य की चुनौतियां

​ईरान इस समय अपने इतिहास के सबसे कठिन दौर से गुजर रहा है। एक तरफ आंतरिक विद्रोह और आर्थिक बदहाली है तो दूसरी तरफ इजरायल और अमेरिका के साथ सीधा सैन्य टकराव।

पहलूविवरणप्रभाव
आधिकारिक घोषणाखामेनेई के अंतिम संस्कार और सुरक्षा समीक्षा के बाद होने की संभावना है।शायद ही महसूस हो
इजरायल का रुख“ऑपरेशन रोरिंग लायन” के तहत नेतृत्व को खत्म करने की आक्रामक नीति।इमारतों को हल्का नुकसान
आंतरिक कलहकट्टरपंथियों और सुधारवादियों के बीच उत्तराधिकार को लेकर मतभेद।आबादी वाले क्षेत्रों में भारी नुकसान की संभावना

ईरान में नए सुप्रीम लीडर की नियुक्ति केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं बल्कि मध्य पूर्व के भविष्य को तय करने वाली घटना है। यदि मुजतबा खामेनेई सत्ता संभालते हैं तो ईरान और अधिक कट्टरपंथी और सुरक्षा-केंद्रित नीतियों की ओर बढ़ सकता है। वहीं इजरायल की चेतावनी ने यह स्पष्ट कर दिया है कि नया नेता बनते ही उसे अपनी जान बचाने की चुनौती का सामना करना होगा।

Dr Pankaj Sharma

fitness coach and writer mainly work on sports, fitness, Religious, foreign news, and technology

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