गुजरात सरकार ने PNG, या पाइप से मिलने वाली प्राकृतिक गैस, पर एक महत्वपूर्ण फैसला किया है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल की अध्यक्षता में हुई एक उच्चस्तरीय बैठक ने निर्णय लिया कि जिन क्षेत्रों में सिटी गैस पाइपलाइन नेटवर्क पहले से मौजूद है, वहां होटल, रेस्तरां, शैक्षणिक संस्थान और सामाजिक-धार्मिक संस्थानों को उनकी आवश्यकतानुसार PNG कनेक्शन तुरंत उपलब्ध कराया जाएगा।
राज्य में गैस की उपलब्धता और वितरण प्रणाली पर भी बैठक में विस्तार से चर्चा हुई। सरकार चाहती है कि व्यवसायों और संस्थाओं को गैस कनेक्शन मिलने में अनावश्यक देरी न हो। इस निर्णय से कई संस्थानों को जल्दी गैस सुविधा मिल सकेगी और वैकल्पिक ऊर्जा इंतजाम करने की मुश्किल कम होगी। सरकार ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जिन संस्थानों को PNG कनेक्शन की जरूरत है, उनके आवेदन मिलने पर प्रक्रिया को जल्दी पूरा किया जाए ताकि जल्द से जल्द गैस की आपूर्ति शुरू की जा सके।
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सिटी गैस नेटवर्क से जुड़े क्षेत्रों में तत्काल सुविधा
सरकार ने कहा कि जिन शहरों और क्षेत्रों में सिटी गैस वितरण पाइपलाइन नेटवर्क पहले से बना हुआ है, वहां होटलों, रेस्तरांों, स्कूलों और सामाजिक-धार्मिक संस्थाओं को तुरंत नए PNG कनेक्शन दिए जाएंगे। ये संस्थान आवश्यकतानुसार गैस कनेक्शन पाएंगे। भोजन बनाने और अन्य आवश्यक कार्यों में स्वच्छ ईंधन का उपयोग इससे आसानी से होगा। अब तक कई संस्थान सिलेंडर आधारित गैस पर निर्भर थे, लेकिन PNG कनेक्शन से उन्हें नियमित और निरंतर गैस मिलेगी। सरकार भी इस निर्णय से बड़े स्तर पर संस्थागत गतिविधियों को फायदा होगा। होटल और रेस्तरां जैसे उद्योगों के लिए गैस की नियमित उपलब्धता अत्यंत महत्वपूर्ण है। ऐसे में PNG कनेक्शन मिलने से काम करना आसान होगा और रुकावट की संभावना कम होगी।
गैस और पेट्रोलियम उत्पादों की वर्तमान स्थिति का विश्लेषण
मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में राज्य में प्राकृतिक गैस और पेट्रोलियम उत्पादों की उपलब्धता पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने कहा कि घरेलू उपयोग के लिए पाइपलाइन से मिलने वाली प्राकृतिक गैस की फिलहाल पर्याप्त मात्रा है। बैठक में यह भी बताया गया कि नागरिकों को कोई कमी नहीं है और घरेलू उपभोक्ताओं को सामान्य रूप से PNG सप्लाई मिल रही है। राज्य में गैस वितरण प्रणाली अच्छी तरह से काम करती है और उपभोक्ताओं की आवश्यकताओं को पूरा करती है। सरकार ने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि गैस की आपूर्ति में कोई बाधा नहीं होगी और सभी ग्राहकों को गैस समय पर मिलती रहेगी। इसके लिए भी संबंधित विभागों को स्थिति पर निरंतर नजर रखने का आदेश दिया गया है।
LPG और PNG के काफी भंडार हैं
साथ ही, बैठक में अधिकारियों ने बताया कि राज्य में LPG और PNG के पर्याप्त भंडार हैं। गैस घरेलू उपयोग के लिए उपलब्ध है और आपूर्ति प्रणाली सामान्य रूप से काम कर रही है। सरकार ने कहा कि राज्य में गैस की उपलब्धता फिलहाल चिंता का विषय नहीं है। जरूरत के अनुसार गैस की आपूर्ति करने के लिए अधिकारियों द्वारा निरंतर निगरानी की जाती है। केंद्रीय और राज्य स्तर के अधिकारी भी गैस भंडारण और वितरण की स्थिति पर निगरानी रख रहे हैं। इससे गैस की सप्लाई निर्बाध रहती है और उपभोक्ताओं और संस्थानों को कोई परेशानी नहीं होती।
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संस्थानों को बड़ी सुविधा मिलेगी
सरकार के इस निर्णय से होटल, रेस्तरां, शिक्षण संस्थान और धार्मिक संस्थाओं को बहुत राहत मिलेगी। इन संस्थानों को तुरंत PNG कनेक्शन मिल जाएगा, इसलिए लंबे समय तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा। इन संस्थानों के लिए PNG कनेक्शन मिलने से ऊर्जा का उपयोग आसान और सुरक्षित होगा। पाइपलाइन से निकलने वाली प्राकृतिक गैस को स्वच्छ ईंधन कहा जाता है जो पर्यावरण पर कम प्रभाव डालता है। सरकार का विचार है कि इस कदम से राज्य में स्वच्छ ऊर्जा का उपयोग बढ़ेगा। यह भी सुनिश्चित करेगा कि गैस की आपूर्ति निरंतर बनी रहेगी और जिन संस्थानों को इसकी आवश्यकता है, उन्हें समय पर कनेक्शन मिल जाएगा। इस निर्णय से सरकार ऊर्जा वितरण व्यवस्था को और मजबूत करने और विभिन्न संस्थानों को बेहतर सुविधाएं देने की ओर बढ़ रही है।







