जनवरी 2026 के शुरुआती सप्ताह में यूक्रेन और रूस के बीच शांति समझौते की सुगबुगाहट के बीच कीव पर हुआ भीषण मिसाइल हमला अंतरराष्ट्रीय राजनीति और युद्ध की स्थिति में एक काला अध्याय साबित हुआ है। इस हमले ने न केवल शांति प्रयासों को झटका दिया बल्कि मानवीय क्षति और विनाश का एक नया मंजर पेश किया।
हमले का समय और तारीख कब हुआ?
यह हमला 8 और 9 जनवरी 2026 की दरमियानी रात को हुआ। यह हमला उस समय हुआ जब यूक्रेनी राष्ट्रपति वलोडिमिर जेलेंस्की ने हाल ही में संकेत दिया था कि रूस के साथ एक व्यापक शांति समझौता 90 प्रतिशत तैयार है और इस पर जल्द हस्ताक्षर हो सकते हैं। हमले की टाइमिंग ने पूरी दुनिया को चौंका दिया क्योंकि यह शांति की उम्मीदों के विपरीत एक आक्रामक संदेश था।
हमला कैसे और किसके द्वारा हुआ?
रूस की ओर से यह एक कंबाइंड एयर अटैक मिश्रित हवाई हमला था जिसमें मिसाइलों और ड्रोनों का एक साथ उपयोग किया गया।
- हमलावर– रूसी सशस्त्र बल (Russian Armed Forces)।
- हथियार – रूसी रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की कि उन्होंने अपनी नई और घातक ओरेश्निक (Oreshnik) हाइपरसोनिक बैलिस्टिक मिसाइल का उपयोग किया। इसके अलावा इस्कंदर-एम, कैलिबर क्रूज मिसाइलें और लगभग 242 कामिकेज़ ड्रोन (Shahed type) दागे गए।
- लॉन्च साइट – रिपोर्ट्स के अनुसार मिसाइलें रूस के कापुस्टिन यार (Kapustin Yar) परीक्षण रेंज से छोड़ी गई थीं।
- रफ्तार – ओरेश्निक मिसाइल की गति लगभग मैक 10 ध्वनि की गति से 10 गुना तेज बताई गई जिसे रोकना वर्तमान वायु रक्षा प्रणालियों के लिए लगभग असंभव था।
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क्या-क्या हुआ नुकसान
कीव के कई जिलों में भारी तबाही दर्ज की गई|
आवासीय इमारतें – कीव के दार्नित्सकी (Darnytskyi) और द्निप्रो (Dnipro) जिलों में कई बहुमंजिला आवासीय इमारतों को निशाना बनाया गया। कम से कम 20 से अधिक अपार्टमेंट ब्लॉक क्षतिग्रस्त हुए।
ऊर्जा और बुनियादी ढांचा – कड़ाके की ठंड के बावजूद कीव की लगभग 6,000 इमारतों की हीटिंग ताप और पानी की आपूर्ति ठप हो गई।
रणनीतिक संपत्तियां – कीव के अलावा ल्विव क्षेत्र में यूक्रेन की सबसे बड़ी अंडरग्राउंड गैस स्टोरेज फैसिलिटी के पास भी हमले की खबरें आईं।
हताहतों की संख्या- कितने लोग मरे और घायल हुए
प्रारंभिक रिपोर्टों और कीव सिटी मिलिट्री एडमिनिस्ट्रेशन के अनुसार-
- मृत्यु – कम से कम 4 नागरिकों की मौत की पुष्टि हुई।
- घायल – 25 से 30 लोग घायल हुए जिनमें से 14 को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया।
- विशेष क्षति – मृतकों में एक पैरामेडिक आपातकालीन स्वास्थ्य कार्यकर्ता भी शामिल था जो पहली मिसाइल के बाद पीड़ितों की मदद करने पहुँचा था और दूसरे हमले (Double-tap strike) का शिकार हो गया।
हमले के कारण और विश्लेषण
विश्लेषकों का मानना है कि इस हमले के पीछे रूस के कई रणनीतिक उद्देश्य हो सकते हैं|
शक्ति प्रदर्शन (Power Projection) – शांति समझौते की मेज पर बैठने से पहले पुतिन अपनी नई हाइपरसोनिक तकनीक ओरेश्निक दिखाकर पश्चिमी देशों और नाटो को डराना चाहते थे।
बदले की कार्रवाई – रूस ने दावा किया कि यह हमला दिसंबर के अंत में रूसी क्षेत्र पुतिन के आवास के पास पर हुए कथित यूक्रेनी ड्रोन हमलों का जवाब था।
शांति की शर्तों पर दबाव – रूस यह संदेश देना चाहता है कि यदि शांति समझौता उसकी शर्तों पर नहीं हुआ तो वह यूक्रेन को पूरी तरह अंधेरे और ठंड में धकेलने की क्षमता रखता है।
हमले के बाद की गतिविधियां और वैश्विक प्रतिक्रिया
जेलेंस्की का बयान – यूक्रेनी राष्ट्रपति ने इसे शांति की कोशिशों पर रूसी तमाचा बताया और कहा कि पुतिन को शांति नहीं केवल विनाश चाहिए।
संयुक्त राष्ट्र (UN) – यूएन महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमले की कड़ी निंदा की और इसे अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का उल्लंघन बताया।
अमेरिका और नाटो – अमेरिका ने इसे रूसी हताशा का संकेत बताया जबकि पोलैंड और अन्य पड़ोसी देशों ने अपनी सीमाओं पर सुरक्षा और बढ़ा दी है।
जनवरी 2026 का यह हमला यह स्पष्ट करता है कि जब तक आधिकारिक रूप से युद्धविराम नहीं हो जाता तब तक शांति वार्ता के दौरान भी युद्ध का खतरा टला नहीं है। यह हमला यूक्रेन की वायु रक्षा प्रणाली को और मजबूत करने और शांति वार्ता में सुरक्षा गारंटी (Security Guarantees) की आवश्यकता को फिर से रेखांकित करता है।







