व्यापारभारतविदेशी समाचारखेलजीवन शैलीराजनीतिधर्मभौगोलिकसेलिब्रेटीज़शिक्षास्वास्थ्य

भारतीय महिलाओं ने श्रीलंका की महिलाओं को हराया-Smriti मंधाना, शेफाली की चमक, गेंदबाजों का कमाल :भारत की महिला टीम का दबदबा कायम

भारतीय महिलाओं ने श्रीलंका की महिलाओं को हराया
नवजोत कौर सिद्धू
On: दिसम्बर 30, 2025 10:20 पूर्वाह्न
Follow Us:

भारतीय महिलाओं ने श्रीलंका की महिलाओं को हराया -तिरुअनंतपुरम। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने एक बार फिर अपने शानदार और संतुलित प्रदर्शन से यह साबित कर दिया कि वह मौजूदा समय में एशियाई क्रिकेट की सबसे मजबूत टीमों में शामिल है। भारत ने श्रीलंका महिला टीम को खेले गए मुकाबले में 30 रन से पराजित कर न सिर्फ एक और जीत दर्ज की, बल्कि सीरीज में अपनी स्थिति भी बेहद मजबूत कर ली। बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग—तीनों विभागों में भारतीय टीम का प्रदर्शन अनुकरणीय रहा, जबकि श्रीलंका की टीम दबाव में बिखरती नजर आई।

 टॉस और रणनीति 

मैच की शुरुआत टॉस से हुई, श्रीलंका की कप्तान ने जीतकर बिना पिच का मिजाज समझे  पहले गेंदबाजी का फैसला किया, जबकि पिच बल्लेबाजी के लिए अनुकूल मानी जा रही थी और भारतीय टीम ने इस मौके का पूरा फायदा उठाने की रणनीति बनाई।  श्रीलंकाई कप्तान का क्षेत्ररक्षण का  फैसला तब पूरी तरह गलत साबित हुआ है जब भारत के  शीर्ष क्रम ने टीम को आक्रामक और ठोस शुरुआत दिलाई। 

सलामी जोड़ी ने रखी मजबूत नींव 

भारतीय पारी की शुरुआत स्मृति मंधाना और शेफाली वर्मा ने की। दोनों बल्लेबाजों ने अपने स्वाभाविक आक्रामक अंदाज में खेलते हुए श्रीलंकाई गेंदबाजों पर शुरू से ही दबाव बना दिया। मंधाना ने टाइमिंग और क्लास का शानदार प्रदर्शन किया, वहीं शेफाली ने अपने बेखौफ अंदाज में बड़े शॉट लगाकर रन गति को तेज रखा। पावरप्ले के ओवरों में भारत ने बिना ज्यादा जोखिम उठाए तेजी से रन बटोरे, जिससे श्रीलंका की फील्डिंग और गेंदबाजी बिखरती नजर आई। मांधाना ने 80 और शेफाली ने 79 रनों की पारी खेली।

 मध्यक्रम की जिम्मेदार बल्लेबाजी 

सलामी जोड़ी के अलग होने के बाद भी भारतीय पारी की रफ्तार थमी नहीं। मध्यक्रम में विकेटकीपर ऋचा घोष और कप्तान हरमनप्रीत कौर ने  जिम्मेदारी से खेलते हुए स्कोरबोर्ड को आगे बढ़ाया।  भारतीय बल्लेबाजों ने सिंगल-दो रन पर भी पूरा ध्यान दिया, जिससे दबाव लगातार श्रीलंका पर बना रहा। 

अंतिम ओवरों में तेज रन 

डेथ ओवरों में भारतीय बल्लेबाजों ने तेजी से रन बटोरते हुए श्रीलंका की मुश्किलें और बढ़ा दीं,जिससे भारत निर्धारित ओवरों में 2 विकेट खोकर 221 का मजबूत और चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा करने में सफल रहा। यह स्कोर श्रीलंका के लिए आसान नहीं था। 

अच्छी शुरुआत के बाद लड़खड़ाई श्रीलंका

लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंका महिला टीम ने अच्छी शुरुआत की , दोनों प्रारंभिक बल्लेबाजों ने पावरप्ले के शुरुआती ओवरों में आकर्षक स्ट्रोक्स खेलते हुए पहले विकेट के लिए 59 रन जोड़े ,पहला विकेट गिरते ही श्रीलंकाई बल्लेबाजी चरमरा गई, बाद में नियमित अंतराल में विकेट गिरने से श्रीलंका की रन गति प्रभावित हुई और बल्लेबाज जोखिम लेने को मजबूर हो गए। 

स्पिनरों का जाल 

मध्य ओवरों में भारतीय स्पिन गेंदबाजों ने कमाल का प्रदर्शन किया। कसी हुई गेंदबाजी, विविधता और सही फील्ड प्लेसमेंट के चलते श्रीलंकाई बल्लेबाज खुलकर खेलने में नाकाम रहे। रन रोकने के साथ-साथ भारतीय गेंदबाजों ने अहम विकेट भी चटकाए, जिससे श्रीलंका की वापसी की उम्मीदें लगभग खत्म हो गईं। 

फील्डिंग बनी बड़ा हथियार 

इस मैच में भारतीय टीम की फील्डिंग भी जीत की बड़ी वजह रही। मैदान पर खिलाड़ियों की चुस्ती, तेज रिफ्लेक्स और सटीक थ्रो ने श्रीलंका पर लगातार दबाव बनाए रखा। आसान कैच छोड़े नहीं गए और रन आउट के मौके भी भुनाए गए। फील्डिंग में यह अनुशासन भारतीय टीम की मानसिक मजबूती को दर्शाता है। 

अंत में 30 रन की जीत 

पूरे प्रयास के बावजूद श्रीलंका की टीम निर्धारित ओवरों में लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकी और 6 विकेट पर 191 रनों का स्कोर कर पाई  भारत ने मुकाबला 30 रन से अपने नाम कर लिया। यह जीत न सिर्फ स्कोरलाइन के लिहाज से महत्वपूर्ण थी, बल्कि भारतीय टीम के आत्मविश्वास को भी नई ऊंचाई देने वाली साबित हुई।

 कप्तान और कोच की प्रतिक्रिया 

मैच के बाद भारतीय कप्तान ने टीम के सामूहिक प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने कहा, “यह जीत पूरे टीम प्रयास का नतीजा है। बल्लेबाजों ने हमें मजबूत स्कोर दिया और गेंदबाजों ने शानदार तरीके से उसका बचाव किया। हमारी फील्डिंग भी बेहतरीन रही, जो ऐसे मुकाबलों में फर्क पैदा करती है।”

टीम प्रबंधन ने भी युवा खिलाड़ियों के योगदान की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह बेंच स्ट्रेंथ भविष्य के बड़े टूर्नामेंटों के लिए शुभ संकेत है।

 सीरीज में भारत का वर्चस्व

इस जीत के साथ भारतीय महिला टीम ने सीरीज में अपना दबदबा और मजबूत कर लिया है। लगातार जीतें यह दर्शाती हैं कि टीम सही दिशा में आगे बढ़ रही है। अनुभवी खिलाड़ियों का अनुभव और युवा खिलाड़ियों की ऊर्जा—दोनों का संतुलन भारत को एक मजबूत इकाई बनाता है। 

आने वाले मुकाबलों में भारतीय टीम इसी लय को बरकरार रखना चाहेगी। टीम का लक्ष्य न सिर्फ सीरीज जीतना है, बल्कि हर मैच में अपने खेल के स्तर को और ऊंचा उठाना भी है। श्रीलंका के खिलाफ यह प्रदर्शन भविष्य की चुनौतियों के लिए एक मजबूत संदेश देता है।

कुल मिलाकर, यह मुकाबला भारतीय महिला क्रिकेट के बढ़ते कद और आत्मविश्वास का प्रतीक रहा। ‘वीमेन इन ब्लू’ ने एक बार फिर साबित कर दिया कि वे न सिर्फ जीतना जानती हैं, बल्कि दबाव में भी बेहतरीन प्रदर्शन करने की क्षमता रखती हैं।

Pradeep Pandey

A versatile writer mainly works on politics, business, crime, current affairs and entertainment

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment